आजादी के बाद से उत्तर पूर्व को अपने बहुत सारे खास मुद्दों के कारण काफी सामाजिक-राजनीतिक और आर्थिक अशांति का सामना करना पड़ा है। इसमें भूमि स्वामित्व का मुद्दा ऐतिहासिक रूप से सबसे महत्वपूर्ण बिंदुओं में से एक रहा है। असम की हिमंत विश्वशर्मा सरकार ने मिशन बसुंधरा के तहत इस पुरानी समस्या का समाधान निकालने की उल्लेखनीय पहल की है। इस मिशन का उद्देश्य असम की जनता के भूमि अधिकारों को सुरक्षित करके इसे सुलझाना है। इसका प्रमुख लक्ष्य प्राथमिकता के आधार पर भूमि अभिलेखों को अपडेट करना है। इसके लिए भू-राजस्व संबंधी नौ ऑनलाइन सेवाएं शुरू की गई हैं। यह मिशन पूरी प्रक्रिया से बिचौलियों व दलालों को हटाकर जनता को सीधे लाभ पहुंचाने की दिशा में शुरू किया गया है। अब तक 700 भूमि दलालों को गिरफ्तार किया गया। हालांकि बाद में उन्हें जमानत मिल गई।
मिशन बसुंधरा के ऑनलाइन पोर्टल के माध्यम से कमलपुर राजस्व मंडल के मदनपुर गांव के गोपी डेका और उनके दो भाइयों ने बिना किसी दुविधा के अपना नाम दर्ज कराया। एक महीने के भीतर उनकी समस्या का समाधान भी हो गया। लाभार्थी गोपी डेका बताती हैं कि यह एक बहुत ही आसान प्रक्रिया है। हम तीनों ने भूमि अभिलेखों में अपना नाम दर्ज करने के लिए मिशन बसुंधरा पोर्टल पर आवेदन किया था। हमसे सिर्फ तीन दस्तावेज मांगे गए और एक महीने में ही हमारी जमीन हमारे नाम हो गई। वह कहती हैं कि यही इस योजना की खूबसूरती है, यह पूरी तरह से दुविधामुक्त ड्राइव है।
बसुंधरा पोर्टल में कुल 8,13,981 आवेदन प्राप्त हुए और सभी का निपटारा हो चुका है। नौ भूमि संबंधी सेवाओं के अलावा, असम के 766 गैर-संकर गांवों में से 739 में एक बहुभुज सर्वेक्षण भी किया गया है।
इसके अलावा 31 दिसंबर 2023 तक राज्य के 772 भूकर गांवों में से 186 का हाइब्रिड पद्धति से पुन: सर्वेक्षण होगा। यह सर्वे पंजीकरण के लिए जमीन के टुकड़े को परिभाषित करने के लिए और भूमि रजिस्ट्री में भूमि अभिलेखों को तैयार करने के लिए है।
इसके जरिये राज्य के भूमिहीन लोगों को उनके भूमि अधिकार प्रदान करने में मदद मिलेगी और नागरिकों के लिए भूमि स्वामित्व को मंजूरी देने का रास्ता खुलेगा।
बसुंधरा पोर्टल पर आवेदन की अवधि 2 अक्टूबर से 7 दिसंबर 2021 तक थी जबकि निस्तारण 10 मई 2022 तक किया जाएगा। इसमें बड़ी संख्या में लोगों ने भागीदारी की है। अकेले कमलपुर राजस्व मंडल से ही 16,000 आवेदन आए। कामरूप जिले में कमालपुर राजस्व सर्कल के सर्कल अधिकारी परीक्षित फुकोन ने बताया, मेरे राजस्व सर्कल में, 16,000 से अधिक लोगों ने मिशन बसुंधरा पोर्टल में भूमि संबंधी मुद्दों को हल करने के लिए आवेदन किया है।










